Wednesday, March 30, 2022
Behuman
मेरा भांजा , उम्र होगी लगभग 5-6 साल , बेहद प्यारा और खूबसूरत बच्चा , काली काली हिरन सी चमकती आँखे और सुन्दर रेशम जैसे बाल ,
खूब मज़े से खेल रहा था तभी हमारा परम प्रिय सेवक बहादुर , एक बेहद फुर्तीला और समझदार नेपाली जो ना जाने कितने ही वर्षों से हमारे घर की डोर संभाले हुए था , गर्म पानी का बर्तन लें कर निकला और पानी भी खौलता हुआ , और वोह भागते हुए बच्चे से टकरा गया और पूरा का पूरा पानी उस नाजुक देह को लाल करता हुआ, कई दिनों तक ना मिटने वाला दर्द और जख्म दे गया ,
पूरे देह पर फफोले से आ गये थे , जो कई साल रहें , उसका दर्द देखा नहीं जाता था तो मुंह छुपा कर रो लेता था , एक नामी Missionary स्कूल में पढ़ता था वोह , Exams चल रहे थे , Principal ने साफ इंकार कर दिया कि बिना exam दिये बच्चे को पास नहीं किया जा सकता , किस तरह उसको चादर से ढ़क कर मैं उसको लें कर गया था और कैसे उसकी दर्मियाने कद की टीचर उसको देख कर सहम गई थी आज भी याद हैं ....
खैर इस सब के बीच एक अच्छा एहसास भी हुआ , तब विकास नगर में बिजली बहुत जाती थी , पूरी पूरी रात हाथ वाले पंखे क साथ गुज़र जाती थी , उस वक़्त inverter भी नहीं हुआ करता था ,
गर्मी के दिन और झुलसा हुआ बदन ,
बच्चा बेहद य़ातना और पीड़ा में था , बिजली हम सब से नाता तोड़ कर जा चुकी थी , खैर Power House वालो को सम्पर्क किया तो एक व्यक्ति ज़िसका नाम मुन्ना था और इस्लाम धर्म को मानने वाला था , रात के अंधेरे में किसी देवदूत की तरह घर आया और गैर कानूनी तरिके से कटिया लगा कर बिजली की व्यवस्था कर गया , ज़ाते ज़ाते कह गया कि आप लोग बस बच्चे का ध्यान रखों बाकी कोई पूछे तो कह देना कि मुन्ना आया था ....
#memory
#unforgettablemoments
#spreadloveandpositivity
#HumanityFirst
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